‘‘श्रोत पर आयकर की कटौती एवं संग्रहण (टीडीएस एंव टीसीएस)’’ विषय पर संगोष्ठी

आयकर अधिनियमों का अनुपालन करना हम सबकी जिम्मेदारी- जिलाधिकारी रवीश गुप्ता

जितेंद्र पाठक, संवाददाता

संतकबीरनगर। जिलाधिकारी रवीश गुप्ता की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद के सभी कार्यालयाध्यक्षों, विशेषकर आहरण वितरण अधिकारियों की उपस्थित में ‘‘श्रोत पर आयकर की कटौती एवं संग्रहण (टी0डी0एस0 एंव टी0सी0एस0)’’ विषय पर एक संगोष्ठी का संयोजन किया गया। संगोष्ठी के संयोजक आयकर अधिकारी (टी0डी0एस0), फैजाबाद, सुनील कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि प्रायः ऐसा देखने में आता है कि अधिकारीगण/लेखाकार द्वारा अपने विभागीय कर्मचारियों का आय पर टैक्स की कटौती, इनकम टैक्स रिटर्न फाईलिंग, निर्धारित प्रारूपों का ससमय ई-फाईलिंग आदि भरते समय अनियमितता/त्रुटि आ जाती है, फलस्वरूप अनावश्यक दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। संगोष्ठी में उक्त विषय से सम्बंधित विभिन्न विन्दुओं पर वरिष्ठ कर सहायक धमेन्द्र मिश्र ने विस्तार से बताते हुए चर्चा के दौरान उठ रहें अधिकारियों के प्रश्नों/आशंकाओं का भी निराकरण किया। उन्होंने भुगतान के समय डिडक्शन (कटौती) के विन्दु पर बताया कि कटौती किये जाने वाले माह के अगले महीने की 07 तारीख के भीतर उचित चालान के द्वारा धनराशि आयकर के खाते में जमा की जाये। प्रत्येक तिमाही के अन्त में उसके अगले महीने की कटौतियों आदि का विवरण देते हुए फार्म 24फ, 26फ आदि की ई-फाईलिंग समय के भीतर सुनिश्चित किया जाए, ऐसा न होने की दशा में इनकम टैक्स अधिनियम की धारा-201 के तहत जुर्माना व व्याज देना होगा। सरकारी कार्य, ठेकेदारों, अन्य कार्यदायी संस्था, व्यावसायिक सलाहकारों जैसे सी0ए0, वकील या अन्य के भुगतान के समय उचित दर से आयकर कटौती सुनिश्चित की जाय।

उन्होंने बताया कि वैयक्तिक रूप में अधिकतम 05 लाख रू0 कर योग्य आय होने पर आयकर अधिनियम की धारा 87ज्ञ के तहत रू0 12500 या इससे कम जो भी हो, आयकर मे छूट है, ऐसी दशा में जिस व्यक्ति की कर योग्य आय अधिकतम 05 लाख रू0 है उसे कर नही देना होगा परन्तु इसमें विशेष बात यह है कि यह छूट कर योग्य कुल आय अधिकतम 05 लाख रू0 होने पर ही है न कि उससे ज्यादा के लिए। बैठक/संगोष्ठी में ठेकेदारों आदि को रू030,000/- से अधिक के भुगतान पर उचित दर से आयकर की कटौती करने का निर्देश दिया गया साथ ही सभी आहरण वितरण अधिकारियों से अपील की गयी कि वे आयकर अधिनियम के कर कटौती सम्बधी कायदे-कानून के तहत कार्य करते हुए भारत सरकार के राजस्व संग्रह में सहयोग करे। संगोष्ठी के अंत में जिलाधिकारी ने सभी को धन्यवाद देत हुए कहा कि आयकर अधिनियमों का अनुपालन करना हम सबकी जिम्मेदारी है तथा उचित अनुपालन न होने की दशा में यह एक दण्डनीय अपराध है।इसमें किसी भी त्रुटि के सापेक्ष जुर्माना, व्याज, के साथ-साथ अभियोजन की भी कार्यवाही की जा सकती है। बैठक में अपर जिलाधिकारी रणविजय सिंह, मुख्य विकास अधिकारी बब्बन उपाध्याय, जिला अर्थ एवं सख्याधिकारी नागेन्द्र सिंह, सहित सभी उपजिलाधिकारी गण एवं आहरण वितरण अधिकारी मौजूद रहे।


रवीश गुप्ता जिलाधिकारी संतकबीरनगर

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